इंदौर में नवंबर की रिकॉर्ड तोड़ ठंड! तापमान 6.4°C तक गिरा, घना कोहरा, शीतलहर और वायरल बुखार का खतरा बढ़ा। IMD ने अगले 48 घंटे के लिए अलर्ट जारी किया।

इंदौर में नवंबर महीने की ठंड इस बार अपने चरम पर है। गुरुवार सुबह शहर का न्यूनतम तापमान 6.4°C दर्ज किया गया, जो इस सीज़न का सबसे कम तापमान है। भारत मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, यह तापमान पिछले 50 वर्षों में नवंबर महीने के सबसे निचले तापमानों में से एक है। अचानक बढ़ी यह ठंड लोगों के लिए परेशानी का कारण बन रही है और आने वाले दो दिनों में मौसम और कठोर होने की संभावना जताई गई है।
इतना तापमान क्यों गिरा? — मौसम वैज्ञानिकों की रिपोर्ट
इंदौर में ठंड बढ़ने के पीछे कई मौसमीय कारण ज़िम्मेदार हैं। IMD ने निम्न वजहें बताई हैं:
- उत्तरी भारत से बर्फीली हवाओं का सीधा प्रभाव
हिमालय क्षेत्र और उत्तर भारत में चल रही शीतलहर अब सीधे मध्य प्रदेश तक पहुँच रही है। यह हवाएँ बेहद ठंडी होती हैं और रातों को तापमान तेजी से गिरा देती हैं।
- रात का आसमान साफ़—तापमान में तेज गिरावट
जब रात का आसमान साफ़ होता है तो गर्मी वापस वायुमंडल में चली जाती है, जिससे तापमान अचानक नीचे चला जाता है।
- हवा में नमी कम—शीतलहर तेज महसूस
Humidity कम होने पर ठंडी हवाएँ शरीर पर ज्यादा असर डालती हैं, जिससे वास्तविक महसूस होने वाला तापमान और कम हो जाता है।
मध्य प्रदेश के सबसे ठंडे शहर — इंदौर तीसरे नंबर पर
IMD द्वारा गुरुवार सुबह जारी न्यूनतम तापमान सूची:
रैंक शहर तापमान
1उमरिया 6.0°C
2शहडोल 6.1°C
3 इंदौर 6.4°C
इंदौर लगातार तीसरे दिन प्रदेश के टॉप ठंडे शहरों की सूची में शामिल रहा है।
इंदौर में ठंड का असर – सुबह का जीवन थम सा गया
- घना कोहरा छाया रहा
सुबह 7 बजे तक शहर पूरी तरह घने कोहरे की चादर में लिपटा रहा। कई इलाकों में विज़िबिलिटी 20–30 मीटर तक गिर गई।
- पब्लिक ट्रांसपोर्ट और ट्रैफिक सुस्त
कोहरे और ठंड के कारण बसों और दोपहिया वाहनों की रफ्तार कम रही। ऑटो और कैब सेवाओं पर भी असर दिखाई दिया।
- अस्पतालों में सर्दी-खांसी के मरीज बढ़े
बच्चों और बुज़ुर्गों में खांसी, वायरल फीवर और गले में दर्द की समस्या बढ़ रही है। OPD में मरीजों की संख्या 25–30% बढ़ी बताई जा रही है।
- स्कूलों पर भी ठंड का असर
सुबह की स्कूल शिफ्ट वाले बच्चों को ठंड का सामना करना पड़ा। कई अभिभावकों ने लेट आने की अनुमति मांगी।
स्वास्थ्य विभाग की चेतावनी – ऐसे रखें अपना ध्यान
ठंड के चलते स्वास्थ्य विभाग ने विशेष सलाह जारी की है:
बच्चों और बुजुर्गों को गर्म कपड़ों में रखें।
सुबह और देर रात की वॉक से परहेज करें।
गर्म पानी, सूप और हर्बल ड्रिंक्स का सेवन बढ़ाएं।
मौसम में तेज बदलाव से वायरल संक्रमण बढ़ रहा है, इसलिए भीड़भाड़ से बचें।
गुनगुने पानी से ही नहाएं और सर्द हवा से शरीर को बचाएं।
IMD का अलर्ट – अगले 48 घंटों में और बढ़ेगी ठंड
IMD ने चेतावनी जारी की है कि इंदौर और आसपास के जिलों में अगले दो दिनों तक तापमान और नीचे जा सकता है। तेज़ ठंडी हवाएँ जारी रहने के साथ शीतलहर और कोहरा दोनों और बढ़ने के संकेत हैं।
इस दौरान:
सुबह का तापमान 5–7°C तक पहुँच सकता है,
दिन का तापमान भी 2–3°C गिरने की संभावना है,
सड़क विजिबिलिटी में सुधार देर से होगा।
निष्कर्ष
इंदौर में नवंबर की ठंड इस बार हर साल से ज्यादा तीखी है। 6.4°C तापमान के साथ शहर सीज़न के सबसे ठंडे दौर में है और आने वाले दिनों में ठंड और बढ़ सकती है। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग के निर्देश मानकर सतर्क रहना बेहद जरूरी है।



